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दक्षिण दिल्ली जिला, राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के नौ जिलों में से एक है, जो जनवरी 1997 से अस्तित्व में आया जब दिल्ली नौ राजस्व जिलों में विभाजित की जा रही थी। उसके पहले, वहाँ पूरी दिल्ली के लिए केवल एक जिला हुआ करता था, जिसका हेड-क्वाटर्र तीस-हजारी में हुआ करता था। दक्षिण जिला का अपना हेड-क्वाटर्र एम. बी. रोड, साकेत पर स्थित है, इसका महान ऐतिहासिक, सामाजिक किफ़ायती और सांस्कृतिक महत्व है। यह उत्तर प्रदेश और हरियाणा राज्यों से घिरा हुआ है। इसके दक्षिणी ओर गुड़गांव एवं फरीदाबाद जिले स्थित हैं और दक्षिण पूर्वी हिस्से में उत्तर प्रदेश का गौतम बुद्ध नगर जिला स्थित है। इसके पूर्वी हिस्से में दक्षिण जिला, दिल्ली के पूर्वी जिले के किनारे स्थित है, जबकि इसके उत्तरी एवं पश्चिमी पक्ष में क्रमशः.नई दिल्ली एवं दक्षिण पश्चिम जिला स्थित हैं।

दक्षिण जिला मुख्यतः शहरी है, लेकिन इसका एक बड़ा हिस्सा ग्रामीण क्षेत्र है। यहाँ ग्रामीण भारत की सभी विशेषताओं के साथ जिले में 25 गांव हैं। क्षेत्र के हिसाब से दक्षिण जिला दिल्ली का तीसरा सबसे बड़ा जिला है जो 249 वर्गफुट किलो मीटर में फैला और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के कुल क्षेत्र का 16.7% क्षेत्र घेरता है। जिले के कुल जनसंख्या 22,62,375 है, जिसमें से 12,57,180 पुरुष एवं 10,05,185 महिलाऐं हैं और कुल आबादी का 8.11% जनसंख्या ग्रामीण क्षेत्रों में रहती है। जिले की सामान्य स्थलाकृति मैदान है। हालाँकि जिला का कुछ हिस्सा, पुरानी अरावली पहाड़ियों के पहाड़ी विशेषताओं का प्रतिनिधित्व करता है। दक्षिण जिले के खाली गाँव सभा भूमि के बड़ा हिस्से को दक्षिणी पहाड़ी क्षेत्र घोषित किया गया है, जिसे आरक्षित वन के रूप में विकसित किया गया है जो धीरे धीरे राष्ट्रीय राजधानी के सभी क्षेत्रों में स्थानीय पर्यावरण प्रभावित करने वाला और जीवन की गुणवत्ता में सुधार करने वाला, एक महत्वपूर्ण कारक बन गया है।

ऐतिहासिक, दक्षिण दिल्ली शुरू से ही शक्तिशाली सीट थी जैसाकि तुगलक द्वारा बनाये गये तुगलकाबाद फोर्ट स्पष्ट है, जिस समय तक मुगलों द्वारा पुराने किले का निर्माण किया गया था। दुनिया के प्रसिद्ध कुतुबमीनार एवं लोह स्तंभ, बलबन कब्र, हुमायूं मकबरा और खिलजी कब्र इसी जिले में हैं। दरगाह हजरत निजामुद्दीन, कालका जी मंदिर, दादाबाडी जैन मंदिर, बहाई सीट का लोटस टेंम्पिल, छतरपुर मंदिर, हरे राम हरे कृष्ण मंदिर जिसे स्काँन टेंम्पिल के नाम से जाना जाता है, साई बाबा मंदिर आदि, धार्मिक महत्व वाले स्थान हैं।

एक वार्षिक सांस्कृतिक सामाजिक समारोह "फूल वालों की सैर" अक्टूबर के महीने में महरौली में आयोजित किया जाता है, इसका बहुत महत्व होता है जैसे कि यह एक सांप्रदायिक अनुरूपता का प्रतीक है। सामाजिक घटनाओं के लिए, प्रसिद्ध श्री फोर्ट ऑडिटोरियम, इंडिया हेबिटिट सेंटर और इंडिया इंटरनेशनल सेंटर भी जिले का हिस्सा हैं। दिल्ली विश्वविद्यालय के कॉलेजों के अलावा दक्षिण दिल्ली, इंदिरा गांधी ओपन यूनीर्वसिटी, जामिया मिलिया इस्लामिया, जामिया हमदर्द यूनीर्वसिट्जि और इंडियन इंस्टीट्यूट आँफ टेक्नोलोजी दिल्ली का हेड क्वार्टर भी है।
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